रात का सन्नाटा था। ज्यादातर लोग गहरी नींद में थे। तभी तड़के करीब साढ़े तीन बजे अचानक चीख-पुकार की आवाजें सुनाई दीं। आवाजें इतनी तेज थीं कि आसपास के लोग अपने घरों से बाहर निकल आए। जब लोग छत की तरफ पहुंचे तो वहां का दृश्य देखकर हर कोई सन्न रह गया। खून से लथपथ हालत में उषा देवी पड़ी थीं। आरोप है कि उन पर उनके ही बेटे संदीप गोंड ने कुल्हाड़ी से हमला किया।
बीबीडी थाना क्षेत्र के अनौरा खुर्द इलाके में रहने वाले शिव बालक शाह के मुताबिक, 23 जून की सुबह करीब 3:30 बजे अचानक शोर-शराबा सुनाई दिया। लोग जब मौके पर पहुंचे तो देखा कि महिला गंभीर रूप से घायल थीं। उनके चेहरे पर धारदार हथियार से वार किए गए थे। घटना के बाद स्थानीय लोगों ने बिना देर किए महिला को अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
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घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। प्रारंभिक जांच के बाद पीड़ित पक्ष की तहरीर पर आरोपी संदीप गोंड के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है।
फिलहाल यही सवाल सबसे ज्यादा चर्चा में है। क्या इसके पीछे कोई पारिवारिक विवाद था, क्या किसी पुराने तनाव ने हिंसक रूप ले लिया, या इसके पीछे कोई और कारण है, इन सवालों के जवाब अभी सामने नहीं आए हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटना के पीछे की वजह का पता लगाने का प्रयास कर रही है।
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घटना के बाद इलाके में लोगों के बीच चिंता और आक्रोश दोनों देखने को मिले। स्थानीय लोगों का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है। साथ ही घटना के पीछे के कारणों की भी जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
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