Thursday, 25 June 2026 | Lucknow | 29°C

नवरात्रि में यूपी कैबिनेट विस्तार की अटकलें तेज, कई नए चेहरों को लेकर चर्चा गर्म

मंत्रिमंडल में रिक्त पदों, संगठनात्मक फेरबदल और संघ पदाधिकारी के प्रस्तावित दौरे ने राजनीतिक हलकों में बढी हलचल
Bureau 19 Mar 2026, 11:10 PM 1 min read
नवरात्रि में यूपी कैबिनेट विस्तार की अटकलें तेज, कई नए चेहरों को लेकर चर्चा गर्म

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले एक बार फिर मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चाएं तेज हो गई हैं। राजनीतिक सूत्रों के मुताबिक, नवरात्रि के दौरान कैबिनेट विस्तार की संभावनाओं को लेकर सत्ता और संगठन, दोनों स्तरों पर हलचल बढ़ी हुई है।

बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री सहित राज्य मंत्रिमंडल में फिलहाल 52 मंत्री हैं, जबकि कुछ पद अभी रिक्त हैं। ऐसे में संभावित विस्तार को लेकर कई नए चेहरों के नाम राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बने हुए हैं।

चर्चाओं के केंद्र में समाजवादी पार्टी से जुड़े बागी नेताओं मनोज पांडे और पूजा पाल के नाम बताए जा रहे हैं। इसके अलावा आकाश सक्सेना तथा भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र चौधरी को भी मंत्रिमंडल में शामिल किए जाने की अटकलें लगाई जा रही हैं।

सूत्रों का यह भी कहना है कि संभावित विस्तार के साथ कुछ मौजूदा मंत्रियों की जिम्मेदारियों में बदलाव किया जा सकता है। कुछ नेताओं को संगठन में नई भूमिका दिए जाने और कुछ को राष्ट्रीय स्तर पर जिम्मेदारी सौंपे जाने की भी चर्चा है।

सिर्फ मंत्रिमंडल ही नहीं, संगठन स्तर पर भी बदलाव की संभावनाएं जताई जा रही हैं। प्रदेश भाजपा में महिला मोर्चा, युवा मोर्चा समेत विभिन्न मोर्चों में नए अध्यक्षों की नियुक्ति और क्षेत्रीय अध्यक्षों के फेरबदल को लेकर मंथन जारी बताया जा रहा है।

इसी बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह  का लखनऊ दौरा भी प्रस्तावित बताया जा रहा है। माना जा रहा है कि पार्टी के कोर ग्रुप के साथ होने वाली बैठकों में मंत्रिमंडल विस्तार और संगठनात्मक फेरबदल जैसे मुद्दों पर चर्चा हो सकती है।

हालांकि, मंत्रिमंडल विस्तार और संगठन में संभावित बदलावों को लेकर अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। ऐसे में फिलहाल राजनीतिक हलकों में चल रही चर्चाओं और अटकलों पर सभी की नजर टिकी हुई है।

चर्चाओं में कितना दम है: इस पूरे घटनाक्रम में चर्चा इसलिए दमदार मानी जा रही है क्योंकि विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा के लिए सामाजिक और राजनीतिक संतुलन साधना अहम है। मंत्रिमंडल में रिक्त पद, नए समीकरणों की जरूरत और संगठन में संभावित फेरबदल जैसी बातें इन अटकलों को बल देती हैं।

← Previous Story Next Story →

 

टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें


Related News

अलीगंज अग्निकांड के बाद केजीएमयू पहुंचे अखिलेश यादव, पीड़ित परिवारों के लिए एक करोड़ रुपये की मदद की मांग
15 मौतों के बाद खुलीं पुरानी फाइलें, रिपोर्ट में सामने आए 1043 भवनों से जुड़े तथ्य
मोमबत्तियों की रोशनी में नम हुई आंखें, छात्रों की याद में निकला कैंडल मार्च
रात 3:30 बजे चीखों से टूटी लोगों की नींद, छत पर पहुंचते ही सामने था खून से लथपथ मां का चेहरा
'दो विधान, दो प्रधान, दो निशान नहीं चलेंगे'... बलिदान दिवस पर CM योगी ने याद किया डॉ. मुखर्जी का संदेश
अब बीएसबी स्कूलों के छात्रों के रिकॉर्ड भी राष्ट्रीय व्यवस्था से जुड़ेंगे, यूपी सरकार ने तेज की बड़ी प्रक्रिया
जिस इमारत में गईं 15 जानें, अब उसी पर बुलडोजर की तैयारी? 2016 का आदेश फिर चर्चा में
लखनऊ अग्निकांड के बाद सवालों की बौछार, संसद से बुलडोजर कार्रवाई तक तेज हुई सियासत
2016 में गिराने का आदेश हुआ था, फिर 15 लोगों की जान लेने वाली इमारत कैसे बची रही?